बरसात के मौसम में खाइए काकोरा की सब्जी

बरसात है तो ककोरा की सब्ज़ी खायें

ककोरा की सब्जी 
बरसात के मौसम में आती है औऱ यह जंगली सब्ज़ी

 है,खुद पैदा होती है।इसकी खेती नहीं होती न खेती की जा सकती है।

 इस कांटेदार दिखने वाली सब्जी को लोग आम बोलचाल की भाषा में ककोरा, कंटोला या ककोड़ा के नाम से जानते हैं. ककोरा की सब्जी को औषधीय गुणों से भरपूर माना गया है और ये कई सेहत संबंधी समस्याओं को दूर करने में कारगर है. इस सब्जी को खाने के अलावा औषधी की तरह नुस्खों में भी इस्तेमाल किया जाता है. ककोरा को गुणों की खान माना गया है।
 इसके न्यूट्रिएंट्स की बात करें तो इसमें प्रोटीन, विटामिन ए, सी, के, बी-1, बी-2, बी-3, बी-5, बी-6, विटामिन डी, और जिंक, कॉपर समेत कई पोषक तत्व पाए जाते हैं. 


ककोरा की सब्जी लो ग्लाइसेमिक इंडेक्स वाली सब्जी है इसलिए यह उन डायबिटिक लोगों के लिए फायदेमंद है, जिनका ब्लड शुगर हाई हो जाता है. इसके अलावा बीपी कंट्रोल करने में भी ककोरा की सब्जी कारगर मानी गई है.
आज के वक्त में बच्चों से लेकर यंगस्टर्स और व्यस्क लोग भी बड़ी संख्या में मोटापे की समस्या से जूझ रहे हैं. यह एक लो कैलोरी सब्जी है जो वेट कंट्रोल में हेल्पफुल है.
ककोरा या कंटोला की सब्जी पाचन के लिए भी फायदेमंद है, क्योंकि इसमें फाइबर पाया जाता है. जो लोग अपच या फिर कब्ज की समस्या से परेशान रहते हैं, उन्हें अपनी डाइट में ककोरा की सब्जी शामिल करनी चाहिए. पेट के इंफेक्शन में भी ककोरा का सेवन फायदेमंद है।

ककोरा तीनों दोषो वात, कफ व पित को संतुलित करने में सहायक है, जिससे आप बदलते मौसम में होने वाली वायरल समस्याओं जैसे बुखार, सर्दी, खांसी, सांस संबंधित समस्याओं आदि से बचे रहते हैं।

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